उड़ीसा से उत्तर प्रदेश तक नशे की डील! बीच रास्ते में पुलिस ने रोकी कार, 30 लाख का गांजा बरामद



मुकेश अग्रवाल पत्थलगांव/बागबहार।
नशे के सौदागरों के खिलाफ जशपुर पुलिस के “ऑपरेशन आघात” का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है। इसी कड़ी में बागबहार पुलिस ने तड़के बड़ी कार्रवाई करते हुए 60 किलो अवैध गांजे की खेप के साथ एक अंतर्राज्यीय तस्कर को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल की जा रही वैन्यू कार भी जब्त की है। बरामद गांजे और वाहन की कुल अनुमानित कीमत करीब 40 लाख रुपये बताई गई है।
सुबह-सुबह घेराबंदी, गांधी चौक पर पकड़ी गई संदिग्ध कार
पुलिस के अनुसार, 31 अगस्त 2026 की सुबह करीब 4 से 5 बजे के बीच जशपुर पुलिस की टेक्निकल टीम और विश्वसनीय मुखबिर से सूचना मिली कि उड़ीसा की ओर से एक वैन्यू कार में भारी मात्रा में गांजा लेकर तस्कर उत्तर प्रदेश की ओर जा रहा है।
सूचना मिलते ही वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया गया। इसके बाद पुलिस टीम ने संभावित रास्तों पर नाकाबंदी और घेराबंदी शुरू कर दी। इसी दौरान गांधी चौक बागबहार के पास संदिग्ध वैन्यू कार क्रमांक UP-91-U-6302 पुलिस के घेरे में आ गई।
वाहन को रोककर चालक से पूछताछ की गई। चालक ने अपना नाम विकास चौधरी, उम्र 27 वर्ष, निवासी समस्तीपुर, बिहार तथा वर्तमान निवास गाजियाबाद, उत्तर प्रदेश बताया।
डिक्की खुली तो सामने आया नशे का पूरा जखीरा
गवाहों की मौजूदगी में पुलिस ने वाहन की विधिवत तलाशी ली। तलाशी के दौरान कार की डिक्की में प्लास्टिक टेप से लिपटे 60 पैकेट बरामद हुए। जांच करने पर इन पैकेटों में करीब 60 किलोग्राम गांजा पाया गया।
पुलिस ने गांजे के साथ तस्करी में प्रयुक्त वैन्यू कार को भी जब्त कर लिया और आरोपी विकास चौधरी को गिरफ्तार कर लिया।
30 लाख का गांजा, 10 लाख की कार… कुल 40 लाख की जप्ती
पुलिस के मुताबिक बरामद गांजे की अनुमानित कीमत करीब 30 लाख रुपये, जबकि तस्करी में इस्तेमाल वैन्यू कार की कीमत करीब 10 लाख रुपये है। इस तरह मामले में करीब 40 लाख रुपये की कुल जप्ती की गई है।
उड़ीसा से यूपी तक बिछा था नशे की तस्करी का रास्ता
प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी द्वारा उड़ीसा से गांजा लेकर उत्तर प्रदेश की ओर जाने का प्रयास किए जाने की बात सामने आई है। अब पुलिस इस बात की तह तक जाने में जुटी है कि गांजा आरोपी को किसने उपलब्ध कराया था और उत्तर प्रदेश में इसे किस व्यक्ति तक पहुंचाया जाना था।
जशपुर पुलिस मामले की एंड-टू-एंड विवेचना कर रही है। पुलिस इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका भी खंगाल रही है। यानी कार्रवाई सिर्फ एक तस्कर की गिरफ्तारी तक सीमित नहीं रहने वाली, बल्कि गांजे की सप्लाई चेन तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है।
NDPS एक्ट में मामला दर्ज, न्यायिक रिमांड पर भेजा जाएगा आरोपी
मामले में थाना बागबहार में एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(बी)(ii)(सी) के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना जारी है। पुलिस के अनुसार पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद आरोपी विकास चौधरी को विधिवत गिरफ्तार किया गया है और उसे न्यायालय के समक्ष न्यायिक रिमांड पर प्रस्तुत किया जाएगा।
एसएसपी का साफ संदेश—नशे के नेटवर्क को जड़ से उखाड़ेंग
पुलिस अधीक्षक जशपुर डॉ. लाल उमेद सिंह ने कहा कि नशे के खिलाफ जशपुर पुलिस का “ऑपरेशन आघात” लगातार जारी है। पुलिस ने मुखबिर तंत्र को मजबूत करने के साथ तकनीकी संसाधनों का बेहतर इस्तेमाल शुरू किया है। बागबहार क्षेत्र में करीब 60 किलो गांजे के साथ एक आरोपी की गिरफ्तारी इसी अभियान का हिस्सा है।
उन्होंने कहा कि मामले में पुलिस एंड-टू-एंड विवेचना कर रही है और नशे के कारोबार से जुड़े किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी
कार्रवाई में एसडीओपी पत्थलगांव डॉ. ध्रुवेश कुमार जायसवाल, डीएसपी जशपुर शुभम तिवारी, थाना प्रभारी बागबहार निरीक्षक ललित कुमार यादव, प्रधान आरक्षक लव चौहान, आरक्षक अजय खेस, आरक्षक पवन पैंकरा सहित जशपुर पुलिस की साइबर/टेक्निकल टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
अवैध गांजा: करीब 60 किलोग्राम
गांजे की अनुमानित कीमत: करीब ₹30 लाख
वैन्यू कार UP-91-U-6302: करीब ₹10 लाख
कुल जप्ती: करीब ₹40 लाख
गिरफ्तार आरोपी: विकास चौधरी, 27 वर्ष
मामला: थाना बागबहार, एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(बी)(ii)(सी)
जशपुर पुलिस की इस कार्रवाई ने एक बार फिर साफ कर दिया है कि जिले में नशे की खेप लेकर गुजरना अब तस्करों के लिए आसान नहीं है। मुखबिर तंत्र, तकनीकी निगरानी और पुलिस की घेराबंदी के बीच “ऑपरेशन आघात” के वार से नशे के कारोबारियों में खलबली मची हुई है।